ग्रामीण राजस्थान को मिलेगी विकास की नई रफ्तार, हर पंचायत में बनेंगे अटल ज्ञान केंद्र और खेल मैदान
जयपुर। राजस्थान में ग्रामीण विकास को नई गति देने के लिए राज्य सरकार ने कई महत्वपूर्ण योजनाओं पर फोकस बढ़ाने का फैसला किया है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने बुधवार को मुख्यमंत्री निवास पर ग्रामीण विकास से जुड़े विभागों के अधिकारियों के साथ उच्चस्तरीय बैठक कर आगामी विकास कार्यों की समीक्षा की। बैठक में गांवों में सड़क कनेक्टिविटी, डिजिटल शिक्षा, खेल सुविधाओं, कृषि, सिंचाई और रोजगार से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के गांवों में आने वाले समय में बड़ी संख्या में विकास कार्य करवाए जाएंगे। इन कार्यों का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने के साथ-साथ युवाओं, किसानों और आम ग्रामीणों के लिए नए अवसर उपलब्ध कराना है।
हर ग्राम पंचायत मुख्यालय पर बनेंगे अटल ज्ञान केंद्र
ग्रामीण युवाओं को डिजिटल संसाधनों और बेहतर शिक्षा की सुविधा उपलब्ध कराने के लिए प्रत्येक ग्राम पंचायत मुख्यालय पर चरणबद्ध तरीके से अटल ज्ञान केंद्र स्थापित किए जाएंगे।
इन केंद्रों में आधुनिक लाइब्रेरी और ई-लाइब्रेरी की सुविधा उपलब्ध कराने की योजना है। ग्रामीण युवा यहां प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के साथ करियर मार्गदर्शन, रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण और विभिन्न सरकारी सेवाओं से संबंधित जानकारी प्राप्त कर सकेंगे।
सरकार का मानना है कि इन केंद्रों से ग्रामीण क्षेत्रों के युवाओं को आधुनिक ज्ञान और डिजिटल संसाधनों तक समान पहुंच मिल सकेगी।
3,219 किलोमीटर लंबी सड़कों का होगा निर्माण
मुख्यमंत्री ने ग्रामीण क्षेत्रों में सड़क कनेक्टिविटी मजबूत करने पर भी विशेष जोर दिया। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) के चौथे चरण के तहत प्रदेश में करीब 3,219 किलोमीटर लंबाई की सड़कों का निर्माण किया जाएगा।
वर्ष 2026-27 में इनमें से करीब 1,500 किलोमीटर सड़कों का निर्माण पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। शेष सड़कों का निर्माण आगामी वर्षों में किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि स्कूलों, अस्पतालों और अन्य आवश्यक सार्वजनिक संस्थानों तक बेहतर सड़क कनेक्टिविटी को प्राथमिकता दी जाए, ताकि ग्रामीणों को आवश्यक सेवाओं तक पहुंचने में परेशानी न हो।
5 हजार से अधिक आबादी वाले गांवों में बनेंगे अटल प्रगति पथ
राज्य सरकार की अटल प्रगति पथ योजना के तहत 5 हजार से अधिक आबादी वाले ग्रामीण क्षेत्रों में सीमेंट कंक्रीट सड़कों का निर्माण किया जा रहा है। इससे बड़े गांवों में आवागमन की सुविधा बेहतर होने के साथ ग्रामीण बुनियादी ढांचे को भी मजबूती मिलने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वीबी-जी राम जी योजना के तहत राजस्थान में ऐसा मॉडल विकसित किया जाए, जिससे गांवों का सर्वांगीण और सुनियोजित विकास सुनिश्चित हो सके।
ग्राम पंचायत स्तर पर बनेंगे खेल मैदान
ग्रामीण युवाओं और खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएं देने के लिए प्रत्येक ग्राम पंचायत स्तर पर खेल मैदान विकसित किए जाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि ग्रामीण युवाओं में खेल प्रतिभाओं की कमी नहीं है, लेकिन उन्हें उचित संसाधन और अवसर उपलब्ध कराने की जरूरत है।
खेल मैदानों के निर्माण से गांवों में युवाओं को खेल गतिविधियों के लिए बेहतर स्थान मिल सकेगा और स्थानीय स्तर पर खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा।
किसानों को कृषि यंत्रों पर मिलेगा अनुदान
बैठक में कृषि क्षेत्र से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसलों पर भी चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों को कृषि यंत्र उपलब्ध कराने के लिए इस वर्ष 50 हजार कृषि यंत्रों पर अनुदान दिया जाएगा।
इसके अलावा खेतों में जल उपलब्धता और सिंचाई क्षमता बढ़ाने के लिए 18 हजार फार्म पौण्ड और 8 हजार डिग्गियों का निर्माण किया जाएगा। इससे किसानों को सिंचाई के लिए पानी की उपलब्धता बेहतर करने में मदद मिलेगी।
200 लाख मीटर तारबंदी के लिए अनुदान
फसलों को आवारा एवं जंगली पशुओं से होने वाले नुकसान से बचाने के लिए किसानों को 200 लाख मीटर तारबंदी के लिए भी अनुदान दिया जाएगा।
सरकार का उद्देश्य किसानों की फसलों को सुरक्षित करने के साथ कृषि उत्पादन और किसानों की आय को मजबूत करना है। मुख्यमंत्री ने कृषि विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि कृषि एवं किसान कल्याण से जुड़ी योजनाओं के क्रियान्वयन की लगातार मॉनिटरिंग की जाए, ताकि योजनाओं का लाभ वास्तविक लाभार्थियों तक समय पर पहुंच सके।
सिंचाई, ऊर्जा और संरक्षित खेती पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि ग्रामीण विकास के साथ-साथ कृषक कल्याण को भी प्राथमिकता दी जा रही है। इसके लिए सिंचाई, ऊर्जा और संरक्षित खेती के क्षेत्र में विशेष प्रोत्साहन दिया जा रहा है।
संरक्षित खेती को बढ़ावा देने के लिए किसानों को सोलर संयंत्र, पॉलीहाउस और अन्य कृषि सुविधाओं से जोड़ने पर भी जोर दिया जा रहा है। इससे किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाने में मदद मिलेगी और कृषि क्षेत्र को नई दिशा मिल सकती है।
राजस्थान को ग्रामीण विकास का मॉडल बनाने पर जोर
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि वीबी-जी राम जी योजना के तहत राजस्थान में ग्रामीण विकास का ऐसा मॉडल तैयार किया जाना चाहिए, जिसे देश के सामने उदाहरण के तौर पर प्रस्तुत किया जा सके।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि गांवों के विकास की योजनाएं केवल अलग-अलग कार्यों तक सीमित न रहें, बल्कि सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, खेल, रोजगार, कृषि और बुनियादी सुविधाओं को एक साथ ध्यान में रखते हुए समग्र विकास की दिशा में आगे बढ़ाया जाए।
बैठक में मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास, अतिरिक्त मुख्य सचिव (मुख्यमंत्री) अखिल अरोड़ा, अतिरिक्त मुख्य सचिव सार्वजनिक निर्माण विभाग प्रवीन गुप्ता, प्रमुख शासन सचिव कृषि एवं सहकारिता मंजू राजपाल, शासन सचिव ग्रामीण विकास कृष्णा कुणाल, शासन सचिव पंचायतीराज जोगाराम सहित संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
